संवाददाता-दुर्गेश कुमार मिश्रा
फतेहपुर/खखरेरू। धाता विकासखंड के अकिलपुर ऐराना गांव में आयोजित एक शादी समारोह उस समय मातम में बदल गया, जब भांजी की शादी में शामिल होने आई एक महिला की करंट लगने से दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद पूरे परिवार में कोहराम मच गया और जहां एक ओर शादी की रस्में चल रही थीं, वहीं दूसरी ओर परिजनों की आंखों से आंसुओं का सैलाब बह रहा था। जानकारी के अनुसार, गांव निवासी लक्ष्मण मौर्य की पुत्री का विवाह 22 जून को निर्धारित था। शादी समारोह में शामिल होने के लिए रिश्तेदार और मेहमान दूर-दूर से पहुंचे हुए थे। दुल्हन की मामी नीलू मौर्य (21 वर्ष) पत्नी शिव प्रसाद, निवासी वार्ड नंबर-1 अंबेडकर नगर कमलाखेर, खागा भी अपनी भांजी की शादी में शामिल होने के लिए आई थीं। परिजनों के अनुसार, विवाह समारोह को रोशनी से सजाने के लिए टेंट हाउस द्वारा घर में बिजली की अस्थायी व्यवस्था की गई थी। आरोप है कि बिजली की एक तार कमरे के अंदर लगी लोहे की खूंटी में लपेट दी गई थी। यह तार पूरी तरह सुरक्षित नहीं थी और उसमें करंट प्रवाहित हो रहा था।
सामान उतारते समय हुआ हादसा
बताया जाता है कि शाम करीब साढ़े आठ बजे बारात के आगमन की तैयारियां चल रही थीं। घर के सभी सदस्य और रिश्तेदार बारातियों के स्वागत में व्यस्त थे। इसी दौरान नीलू मौर्य किसी आवश्यक सामान को लेने के लिए कमरे में गईं। कमरे में लगी लोहे की खूंटी पर कुछ सामान टंगा हुआ था। जैसे ही उन्होंने खूंटी पर टंगा सामान उतारने का प्रयास किया, उनका हाथ खूंटी में लिपटी बिजली की तार के संपर्क में आ गया। करंट लगते ही वह बुरी तरह झुलस गईं और जोर-जोर से चीखने लगीं।
बचाने पहुंची जेठानी भी चपेट में आई
नीलू की चीख सुनकर उनकी जेठानी उन्हें बचाने के लिए दौड़ीं, लेकिन करंट के प्रभाव के कारण वह भी झटके की चपेट में आ गईं। हालांकि अन्य लोगों ने तत्काल बिजली सप्लाई बंद कर दोनों को अलग किया। घटना के बाद शादी समारोह में अफरा-तफरी मच गई। परिजन आनन-फानन में नीलू को गंभीर हालत में इलाज के लिए कौशांबी जनपद के सिराथू स्थित अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों द्वारा मौत की पुष्टि किए जाने के बाद परिजनों में कोहराम मच गया।
खुशियों के बीच पसरा मातम
जिस घर में शादी की खुशियां मनाई जा रही थीं, वहां अचानक मातम छा गया। मेहमानों और रिश्तेदारों के चेहरों पर मायूसी छा गई। कई लोग बिना भोजन किए ही वापस लौट गए। परिवार के सामने एक ओर बेटी की शादी की जिम्मेदारी थी और दूसरी ओर प्रिय सदस्य की मौत का गहरा दुख। ऐसे में परिजनों ने भारी मन से रात में विवाह की आवश्यक रस्में पूरी कराईं और सुबह करीब पांच बजे दुल्हन की विदाई कर दी।
एक वर्ष पहले हुई थी शादी
जानकारी के अनुसार, नीलू मौर्य मूल रूप से कौशांबी जनपद के भरेठाबाद गांव की रहने वाली थीं। उनकी शादी करीब एक वर्ष पूर्व फतेहपुर जिले के कमलाखेर खागा कस्बे में हुई थी। शादी के बाद यह उनका पहला बड़ा पारिवारिक समारोह था, जिसमें शामिल होने के लिए वह मायके पक्ष के रिश्तेदारों के बीच पहुंची थीं। परिजनों का कहना है कि नीलू बेहद मिलनसार और खुशमिजाज स्वभाव की थीं। उनकी अचानक हुई मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।
जांच और कार्रवाई का इंतजार
घटना की सूचना मिलने के बाद स्थानीय पुलिस को भी जानकारी दी गई। हालांकि पुलिस के अनुसार अभी तक परिजनों की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है।
कोतवाली प्रभारी खागा संजय पांडेय ने बताया कि मामले में अभी तक कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है। यदि शिकायत मिलती है तो पूरे मामले की जांच कर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस घटना के बाद शादी समारोहों में अस्थायी बिजली व्यवस्था और सुरक्षा मानकों को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि टेंट हाउस संचालकों और बिजली व्यवस्था करने वालों को सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन करना चाहिए ताकि इस प्रकार की दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। यह हादसा एक बार फिर याद दिलाता है कि थोड़ी सी लापरवाही भी किसी परिवार की खुशियों को पलभर में मातम में बदल सकती है।




