डेस्क रिपोर्ट/ अयोध्या।
उत्तर प्रदेश के अयोध्या जनपद स्थित राजर्षि दशरथ मेडिकल कॉलेज, दर्शननगर में उस समय हड़कंप मच गया जब एक पैरामेडिकल छात्र के पास से कथित रूप से विस्फोटक बनाने की विधि से संबंधित पर्ची मिलने की जानकारी सामने आई। मामले की गंभीरता को देखते हुए कॉलेज प्रशासन ने तत्काल पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद स्थानीय पुलिस के साथ सुरक्षा एवं खुफिया एजेंसियां भी जांच में जुट गई हैं।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार संबंधित छात्र मेडिकल कॉलेज में एक्स-रे टेक्नीशियन (डिप्लोमा) पाठ्यक्रम के प्रथम वर्ष का विद्यार्थी है। कॉलेज प्रशासन का कहना है कि लैब ड्यूटी के दौरान छात्र के पास से एक ऐसी पर्ची मिली, जिसमें कथित रूप से विस्फोटक तैयार करने से संबंधित जानकारी लिखी हुई थी। इसके बाद कॉलेज परिसर में सतर्कता बढ़ा दी गई और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी गई।
छात्र से पूछताछ जारी
सूचना मिलने के बाद पुलिस ने छात्र को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। जांच अधिकारी यह पता लगाने का प्रयास कर रहे हैं कि उक्त पर्ची छात्र के पास कैसे पहुंची, उसका उद्देश्य क्या था और कहीं इसके पीछे कोई आपराधिक या अन्य संदिग्ध गतिविधि तो नहीं है। पुलिस छात्र के मोबाइल फोन, संपर्कों और अन्य दस्तावेजों की भी जांच कर रही है ताकि मामले से जुड़े सभी तथ्यों का पता लगाया जा सके।
कॉलेज प्रशासन भी कर रहा जांच
मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आंतरिक जांच शुरू कर दी है। कॉलेज परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि छात्र की गतिविधियों और घटनाक्रम की पुष्टि की जा सके। प्रशासन यह भी जांच कर रहा है कि छात्र का व्यवहार पूर्व में कैसा रहा है और क्या किसी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि पहले भी सामने आई थी।
सुरक्षा एजेंसियां हर पहलू पर कर रहीं जांच
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों ने भी अपनी जांच शुरू कर दी है। एजेंसियां इस बात का पता लगाने में जुटी हैं कि बरामद पर्ची किसी शैक्षणिक सामग्री का हिस्सा थी या उसका कोई अन्य उद्देश्य था। जांच में यह भी देखा जा रहा है कि कहीं मामला सोशल मीडिया, इंटरनेट या किसी अन्य स्रोत से जुड़ा हुआ तो नहीं है।
पुलिस का आधिकारिक बयान
पुलिस क्षेत्राधिकारी (सीओ) अयोध्या आशुतोष तिवारी ने बताया कि पूरे मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि अभी जांच प्रारंभिक चरण में है और सभी तथ्यों का सावधानीपूर्वक परीक्षण किया जा रहा है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आवश्यकता पड़ने पर अन्य विशेषज्ञ एजेंसियों की सहायता भी ली जाएगी ताकि किसी भी पहलू की अनदेखी न हो।
अभी किसी आतंकी साजिश की पुष्टि नहीं
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अब तक किसी आतंकी साजिश, आपराधिक षड्यंत्र या अन्य गंभीर उद्देश्य की पुष्टि नहीं हुई है। फिलहाल जांच जारी है और अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे अपुष्ट सूचनाओं या अफवाहों पर विश्वास न करें तथा केवल आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें।
जांच के बाद ही सामने आएगी सच्चाई
यह मामला मेडिकल कॉलेज जैसे संवेदनशील संस्थान से जुड़ा होने के कारण गंभीर माना जा रहा है। हालांकि पुलिस और प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी तथ्यों की गहन जांच की जाएगी। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि छात्र के पास मिली कथित पर्ची का वास्तविक उद्देश्य क्या था और उसके पीछे कोई आपराधिक मंशा थी या नहीं।



















