यूपी क्राइम अलर्ट न्यूज़ ब्यूरो
नई दिल्ली: उत्तर-पूर्व एशिया में एक बार फिर तनाव बढ़ गया है। उत्तर कोरिया ने शनिवार को जापान सागर की दिशा में एक बैलिस्टिक मिसाइल दागी। जापान रक्षा मंत्रालय ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि मिसाइल उड़ान के दौरान समुद्र में गिर गई और जापान के विशेष आर्थिक क्षेत्र के बाहर जाकर समाप्त हो गई।जानकारी के अनुसार यह प्रक्षेपण ऐसे समय हुआ है जब अमेरिका और दक्षिण कोरिया संयुक्त रूप से अपना वार्षिक ‘फ्रीडम शील्ड’ सैन्य अभ्यास कर रहे हैं। क्षेत्र में जारी इस सैन्य गतिविधि के बीच उत्तर कोरिया की मिसाइल कार्रवाई को सुरक्षा दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इससे पहले जनवरी में भी उत्तर कोरिया ने दो बैलिस्टिक मिसाइलों का परीक्षण किया था।इसी बीच दक्षिण कोरिया के प्रधानमंत्री किम मिन‑सोक इस समय वॉशिंगटन दौरे पर हैं। उन्होंने हाल ही में कहा था कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन के साथ बातचीत दोबारा शुरू करने के पक्ष में हैं।सूत्रों के अनुसार ट्रंप इस महीने के अंत में शी जिनपिंग से मुलाकात के लिए चीन भी जा सकते हैं और इस दौरान उत्तर कोरिया के साथ वार्ता की संभावनाओं पर भी चर्चा हो सकती है। हाल ही में उत्तर कोरिया की एक महत्वपूर्ण बैठक में किम जोंग उन ने संकेत दिया था कि वह अमेरिका के साथ बेहतर संबंधों के लिए बातचीत का रास्ता खुला रखना चाहते हैं।हालांकि अमेरिका लंबे समय से उत्तर कोरिया के परमाणु कार्यक्रमों का विरोध करता रहा है। ऐसे में जापान सागर की दिशा में हुए इस मिसाइल परीक्षण के बाद क्षेत्र में फिर से तनाव बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
मुख्य बिंदु
- उत्तर कोरिया ने बैलिस्टिक मिसाइल का परीक्षण किया।
- मिसाइल जापान के विशेष आर्थिक क्षेत्र (EEZ) के बाहर समुद्र में जाकर गिरी।
- परीक्षण के बाद जापान और दक्षिण कोरिया ने सुरक्षा अलर्ट जारी किया।
- क्षेत्र में सैन्य तनाव और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
- अमेरिका और सहयोगी देशों ने मिसाइल परीक्षण पर चिंता जताई।

















